राजनगर के जीर्णोद्धार को लेकर कुमार कपिलेश्वर सिंह की बड़ी घोषणा
राज परिसर पहुंचकर मां काली, मां दुर्गा व बाबा रामेश्वर-महेश्वर की पूजा-अर्चना की, ऐतिहासिक किले को संवारने का लिया संकल्प
राजनगर पहुंचे कुमार कमलेश्वर सिंह
मधुबनी
राजनगर स्थित ऐतिहासिक राज परिसर में उस समय विशेष माहौल देखने को मिला, जब राजकुमार कुमार कपिलेश्वर सिंह अपनी पत्नी एवं पुत्र के साथ राजनगर पहुंचे। राज परिसर पहुंचने पर उन्होंने सबसे पहले मां काली की विधिवत पूजा-अर्चना की। इसके बाद मां दुर्गा तथा बाबा रामेश्वर सिंह-महेश्वर सिंह के प्रति श्रद्धा अर्पित करते हुए पूजा-अर्चना की।पूजा-अर्चना के बाद कुमार कपिलेश्वर सिंह ने राजनगर स्थित अपनी जमीन एवं राज परिसर का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने ऐतिहासिक राजनगर, किले और राज परिसर से अपने भावनात्मक जुड़ाव को व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि राजनगर के ऐतिहासिक किले के जीर्णोद्धार के लिए वे आगे आएंगे और इसे संवारने की दिशा में काम किया जाएगा।उनकी इस घोषणा से स्थानीय लोगों में नई उम्मीद जगी है। लंबे समय से उपेक्षित पड़े ऐतिहासिक राजनगर परिसर और किले के पुनर्जीर्णोद्धार को लेकर क्षेत्र में चर्चा तेज हो गई है। लोगों को उम्मीद है कि राजनगर की ऐतिहासिक विरासत को फिर से उसके गौरवशाली स्वरूप में लाने की दिशा में ठोस पहल होगी।कुमार कपिलेश्वर सिंह के राजनगर पहुंचने पर स्थानीय लोगों एवं गणमान्य नागरिकों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। राजनगर मंडल अध्यक्ष सुमन झा, सुधांशु झा उर्फ लड्डू जी, राजन मंडल सहित कई लोगों ने पाग एवं दुपट्टा पहनाकर उनका सम्मान किया।कुमार कपिलेश्वर सिंह के आगमन और राजनगर के पुनर्जीर्णोद्धार को लेकर दिए गए बयान से स्थानीय लोगों में खासा उत्साह देखा गया। अब लोगों की नजर इस बात पर है कि ऐतिहासिक किले और राज परिसर के जीर्णोद्धार की दिशा में आगे क्या कदम उठाए जाते हैं। स्थानीय लोगों के लिए यह घोषणा अपनी ऐतिहासिक विरासत को पुनः संवारने की दिशा में एक नई उम्मीद के रूप में देखी जा रही है।
